मार

मार के अर्थ :

मार के हरियाणवी अर्थ

संज्ञा, स्त्रीलिंग

  • मारने का भाव या क्रिया
  • चोट
  • मानसिक आघात
  • हानि (व्यापार में)
  • खेल का दाँव
  • हार
  • चोट के बाद रहने वाली पीड़ा, जैसे- काँट्टे की मार

अकर्मक क्रिया

  • 'मारणा' क्रिया का आदे. रूप

अव्यय

  • बहुत, अधिक ? – देब्बी के मेले मैं मार कटक जुड़ रह्या था

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