Synonyms of katak-1
कटक के पर्यायवाची शब्द
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कंकटक
कवच, वर्म, संनाह
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कंकण
कलाई का आभूषण-विशेष , कड़ा, चूड़ा
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कंचुक
जामा, चोलक , अचकन
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कड़ा
हाथ या पाँव में पहनने का चूड़ा
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कवच
लोहे की कड़ियों के जाल का बना हुआ पहनावा जिसे योद्धा लड़ाई के समय पहनते थे, ज़िरह-बक्तर, वर्म, सँजोया
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ख़ेमा
a tent, camp
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गोंदरी
प्याज
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गोनर
गोनरा
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गोनरी
छोटी चटाई
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चटाई
गेहूँ, के पौधों के डंटलों, बांस की खपचियों, ताड़ के पत्तों आदि से बुनी हुई बैठने की चटाई, आसन
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चमू
सेना , फौज
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छावनी
दे. छ्यावणी
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जागर
जागरण ; अंतःकरण की वह अवस्था, जिसमें उसकी समस्त वृत्तियाँ जागृत होती हैं ; कवच
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जिरह
तर्क, बहस, दलील
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तनुत्र
'तनुत्राण'
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तलाची
चटाई
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दरमा
एक तरह का गोल फल जिसके दाने लाल, गुलाबी या सफेद होते हैं, अनार
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दल
पत्ता, तुलसीदल 2. फूल की पंखुड़ी
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नगर
मनुष्य की वह बस्ती जो गाँव और कस्बे से बहुत बड़ी होती है और जिसमें सब तरह के बहुत-से लोग रहते और बाज़ार होते हैं, शहर
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निगम
मार्ग, पथ, रास्ता
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पट्ट
बैठने की चौकी ; पट्टी , तख्ती ; विज्ञापन आदि लिखने की पट्टी; पटिया; धातु का पत्तर ; कपड़े की पट्टी; दुपट्टा , ८. शहर , नगर
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पट्टन
नगर
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पत्तन
बंदरगाह; पोताश्रय
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परिधि
चारो तरफ एक समान दूरी से
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पहुँची
हाथ की कलाई पर पहनने का एक आभूषण जिसमें बहुत से गोल या कँगूरेदार दाने कई पंक्तियों में गूँथे हुए होते हैं
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पाटी
शीर के बालों के बीच बनी रेखा, (माँग) वह लकड़ी की पट्टी जिस पर बालकों को विद्या अभ्यास किया जाता है, खाट की लम्बाई बल की लकड़ी, मशाना पीसने की पर (सं. स्त्री.) परिपाटी, प्रणाली अंकगणित
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पारिहार्य
परिहारत्व
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पुटभेदन
नगर, पत्तन, उपनगर, कस्बा
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पुर
कुएँ से पानी निकालने का चमड़े का डोल, चरसा
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पुरी
नगरी ; जगन्नाथपुरी ; दुर्ग ; शरीर; दे० 'पूरो'
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फ़ौज
एक जगह पर उपस्थित एक से अधिक मनुष्य, पशु आदि जो एक इकाई के रूप में माने जाएँ, झुंड, जत्था
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बकतर
एक प्रकार का जिरह या कवच जिसे योद्धा लड़ाई में पहनते हैं
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बल
वह चक्कर या घुमाव जो किसी लचीली या नरम वस्तु को बढ़ाने या घुमाने से बीच-बीच में पड़ जाय, पेच, ऐंठन, मरोड़
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बाज़ूबंद
बाँह पर पहनने का एक प्रकार का गहना जो कई आकार का होता है, इसमें बहुधा बीच में एक बड़ा चौकोर नग या पटरी होती है और उसके आगे-पीछे छोटे-छोटे और नग या पटरियाँ होती हैं जो सब की सब तागे या रेशम में पिरोई रहती हैं, बाजू, बिजायठ, भुजबंद, केयूर, अंगद, केयूर
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मंडरी
पयाल की बनी हुई गोदरी या चटाई
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राजधानी
दे. रजधान्नी
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राजधानी
किसी राज्य का मुख्य स्थान ; राजा के रहने का स्थान
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वर्म
कवच, बकतर
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वलय
गोल घेरा, मंडल
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वारवाण
कौटेल्य के अनुसाद एंड़ी तक लंबा अंगा
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वाहिनी
सेना, चतुरंगिणी सेना
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वृत्त
चरित्र, चरित
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वेष्टन
वह कपड़ा आदि जिससे कोई चीज लपेटी जाय, बेठन
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शहर
मनुष्यों की वह बस्ती जो क़स्बे से बहुत बड़ी हो और जहाँ हर तरह के लोग रहते हों तथा जिसमें अधिकतर बड़े-पक्के मकान हों, नगर, पुर
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साथरी
'साथरा'
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सीतलपाटी
एक प्रकार की बढ़िया चिकनी चटाई
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सेना
दे. सैन्ना
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स्कंधावार
राजा का डेरा या शिविर, कंपू
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