Synonyms of vedii
वेदी के पर्यायवाची शब्द
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अड्डा
डेरा, मेढ़, दुष्टों के इकट्ठे होने का स्थान
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अधिष्ठान
आधिकारिक रूप से रहने का स्थान, वास स्थान
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आधार
जिस पर कोई दूसरी चीज़ खड़ी या टिकी रहती हो, आश्रय, सहारा, अवलंब
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आसंदी
मचिया, मोढ़ा, कुरसी, बैठने का कुछ ऊँचा छोटा आसन
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आसन
आसन , बैठने का बिछावन
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कोविद
विद्वान्
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खाट
खटिया, रस्सी बुनी हुई चारपाई, माची।
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चट्टी
खड़ाऊँ
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चतुर
चालाक
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चत्वर
चौराहा
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चबूतरा
बैठने का ऊँचा स्थान
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चैत्य
मन्दिर देवालय
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चौकी
तख्त की बनी चारपाई
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चौरा
विस्तृत
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चौरास्ता
दे. चौबटिया'
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चौराहा
दे. चौबटिया'
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ज्ञानी
जिस ज्ञान हो, ज्ञानवान्, जानकार
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ठिकाना
स्थान
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थली
दूर-दूर तक फैला रेतीला भू-भाग
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पंडित
विद्वान्, विशेषत: भारतीय विद्याक
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पर्यंक
एक प्रकार की बड़ी चारपाई
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पीठ
किसी प्राणी के शरीर का कमर से लेकर गरदन तक का पीछे का भाग
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पीठक
पीढ़ा
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पीठा
पटा, चौकी
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प्रज्ञिल
बुद्धिमान्, प्रज्ञी
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प्रतिभाशाली
जिसमें प्रतिभा हो, प्रतिभायुक्त
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प्रस्तर
पत्थर
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प्राज्ञ
वेदांतसार के अनुसार जीवात्मा
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बुद्धिमान
जिसमें बहुत बुद्धि या समझ हो, जिसकी बुद्धि बहुत प्रखर हो
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बौद्ध मंदिर
वह मंदिर जहाँ बुद्ध अनुयायी पूजा करते हैं
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मंच
बड़ा मचान, एक ऊँचा स्थान जिस पर भाषण या लोगों को सम्बोधन किया जाता है
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मंडप
दे. मंढ
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मंडल
दे. मंडळ
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मचिया
ऊँचे पायों की एक आदमी बैठने योग्य चारपाइ कपड़े के किनारे पर लगाई जाती है
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मठ
देवगृह, मन्दिर जहाँ पुजारी भी रहते हैं
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मेधावी
मेघाशक्तिवाला, जिसकी धारणाशक्ति तीव्र हो
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मेधावी
बुद्धिमान, मेधायुक्त
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यज्ञमंडप
यज्ञ करने के लिए बनाया हुआ मंडप
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रंगपीठ
नृत्यशाला, नाचघर
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रंगभूमि
खेल कूद का स्थान , क्रीड़ा स्थल; अनाड़ा; रंगमंच , अभिनय करने का स्थान
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रंगमंडप
नाट्यशाला आदि में विशेषतः वह स्थान जिस पर अभिनेता, अभिनेत्री आदि अभिनय करते हैं, रंगभूमि, रंगस्थल, नाट्यशाला
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विचक्षण
अरुचि, मन भर जाना, इच्छा न होना
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विज्ञ
बुद्धिमान् व्यक्ति, पंडित
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वितर्दिका
'वितर्दि'
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विदग्ध
रसिक, चतुर,विद्वान्
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विशारद
विख्यात, प्रसिद्ध, मशहूर
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वृंदी
चबूतरा जिसके ऊपर इमारत बनती है, कुरसी, शुभया धार्मिक कृत्य के लिये बनाई हुई ऊँची छायादार भूमि, हवन शान्ति के लिये बनाई गई वेदी, यज्ञ देवी।
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शास्त्रज्ञ
वह व्यक्ति जो शास्त्रों का अच्छा ज्ञाता हो, शास्त्रों का जानकार, शास्त्रवेत्ता
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समाधि
ध्यान , योग की क्रिया विशेष , यह क्रिया दो प्रकार की होती है, एक सातितय समाधि, जिसमें ध्याता और ध्येय का ज्ञान रहता है, दूसरी निरतिशय समाधि , इसमें वेदांतियों को अंतिम अनुभव मात्र रह जाता है
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सुधी
विद्वान व्यक्ति, पंडित, शिक्षक
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